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अंडरवर्ल्ड डॉन हाजी मस्तान की बेटी बोली- मेरा रेप हुआ: 12 साल की थी, जब ममेरे भाई ने जबरन शादी की; PM मोदी से न्याय मांगा

अंडरवर्ल्ड डॉन हाजी मस्तान की बेटी बोली- मेरा रेप हुआ:  12 साल की थी, जब ममेरे भाई ने जबरन शादी की; PM मोदी से न्याय मांगा


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नई दिल्ली3 मिनट पहले

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अंडरवर्ल्ड डॉन रहे हाजी मस्तान की बेटी हसीन मस्तान मिर्जा अपनी जबरन शादी और रेप से जुड़े मामले में न्याय की मांग को लेकर चर्चा में हैं। हसीन मस्तान का दावा है कि 1996 में उनकी जबरन शादी उनके मामा के बेटे से कराई गई थी। उस समय वह सिर्फ 12 साल की थी।

उन्होंने आरोप लगाया कि शादी के बाद उनके साथ रेप हुआ, शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न किया गया। उनकी संपत्ति पर कब्जा भी कर लिया गया। हसीन का यह भी कहना है कि उसका पूर्व पति उनसे पहले आठ शादियां कर चुका था।

हसीन ने यौन शोषण और संपत्ति हड़पने के मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से न्याय की गुहार लगाई है। न्यूज एजेंसी IANS ने 23 दिसंबर को हसीन मस्तान मिर्जा का इंटरव्यू लिया। इस दौरान उन्होंने अपने साथ हुई आपबीती सुनाई।

हसीन ने आरोप लगाया कि 1996 में जब वह नाबालिग थीं, तब उनके मामा के बेटे नसीर हुसैन ने उनके साथ यौन शोषण किया और बाद में उन्हें जबरन शादी के लिए मजबूर किया। उनके अनुसार, यह सब उनके पिता हाजी मस्तान की मौत के बाद शुरू हुआ।

उन्होंने IANS से कहा, ‘अगर मैं हाजी मस्तान की बेटी न होती, तो मुझे ये सब नहीं झेलना पड़ता। आरोपियों को सिर्फ पैसा दिखा। मेरे पिता की मौत के बाद उन्हें लगा कि वे हमारी सारी संपत्ति हड़प सकते हैं। रेप और जबरन शादी के पीछे भी यही वजह थी- पैसा।’

हसीन ने बताया कि 14 साल की उम्र में उनका गर्भपात हो गया। तब उनके पति और सास ने पुलिस को बुलाया और उन्हें बाल सुधार गृह भेजने की कोशिश की गई थी। हसीन ने बताया- पुलिस को पता था कि मेरी उम्र सिर्फ 14 साल है, फिर भी उन्होंने मेरी कोई मदद नहीं की।

हसीन ने बताया कि लंबे समय तक चले मानसिक तनाव के कारण उन्होंने 2010 में तलाक के बाद आत्महत्या की कोशिश की थी। हसीन के मुताबिक, उनके पिता की संपत्ति के कारण उन्हें शोषण और उत्पीड़न का शिकार होना पड़ा।

हसीन ने यह भी कहा कि वह अपने पिता के नाम को बदनाम नहीं करना चाहतीं। उन्होंने कहा- मेरे पिता ने अपने जीवन में कई लोगों की मदद की थी और उन्हें बहुत दुआएं मिली थीं। मैं नहीं चाहती कि मेरे पिता के नाम पर कोई दाग लगे। वह बहुत अच्छे इंसान थे। मुझे उनकी बेटी होने पर गर्व है और मैं यह कानूनी लड़ाई सिर्फ उन्हीं की वजह से लड़ रही हूं।

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