सोनीपत क्राइम यूनिट वेस्ट पुलिस ने जानलेवा हमला मामले में दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस वारदात में पिस्तौल से फायरिंग की गई थी। इन गिरफ्तारियों के साथ, मामले में अब तक कुल 12 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान गांव निजामपुर निवासी जोगिंदर उर्फ टीनू और गांव गोपालपुर निवासी नवीन के रूप में हुई है। पुलिस टीम ने दोनों को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया। यह मामला खरखौदा थाना क्षेत्र का है। गांव पिपली निवासी नवीन ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि 23 अक्टूबर 2025 को सुबह करीब 10 बजे वह अपने भाई सुरेश, चचेरे भाई दीपक, राजू और भगत के साथ घर के आंगन में बैठे थे। इसी दौरान भूपेन्द्र, उसका भाई जितेन्द्र उर्फ धौला, दिशांत उर्फ ओकी, आकाश, टीनू और 8-10 अन्य लोग पिस्तौल, लोहे की रॉड और डंडे लेकर उनके प्लॉट में घुस आए। पुरानी रंजिश के चलते उन्होंने गाली-गलौज की। जब पीड़ितों ने बीच-बचाव का प्रयास किया, तो हमलावरों ने सुरेश और भगत की लाठी-डंडों से पिटाई शुरू कर दी। विरोध करने पर भूपेन्द्र, जितेन्द्र, दिशांत और टीनू ने जान से मारने की नीयत से ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं। भूपेन्द्र द्वारा चलाई गई एक गोली नवीन की जांघ में लगी। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी अपनी गाड़ियों में सवार होकर मौके से फरार हो गए। इस घटना के बाद खरखौदा थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। थाना खरखौदा के अनुसंधान अधिकारी उप-निरीक्षक अशोक और उनकी टीम ने मामले में तत्परता से कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, वारदात में शामिल दस मुख्य आरोपी भूपेन्द्र, आकाश, अभय, प्रवेश, दिशांत, बंटी, विकास, जितेन्द्र, एक अन्य जितेन्द्र और विनय को पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया था। अब पुलिस टीम ने इस हिंसक झड़प और फायरिंग में शामिल दो और फरार आरोपियों जोगिंदर उर्फ टीनू और नवीन को भी गिरफ्तार कर लिया है।
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