ब्लैकबोर्ड-‘विधवाओं का गांव’, जहां एक भी मर्द जिंदा नहीं बचा: हर दूसरे घर में कैंसर से मौत, बोले- हमारे गांव में कोई शादी नहीं करना चाहता
पंजाब में बठिंडा का एक गांव- जज्जल। 55 बरस की बीरपाल कौर एक मातम से लौटी हैं। लेकिन, उनके हाथों में तस्वीर है पति दौलतराम की। मैंने आहिस्ता से पूछा- क्या हो गया? बीरपाल पंजाबी में बोलीं- ननद की बहू मर गई। उसके मातम से लौंटी हूं। इस बातचीत से पहले मैं बीरपाल के घर…
