नवादा में 13 दिसंबर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों को लेकर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) ने विभिन्न विभागों के साथ दो महत्वपूर्ण बैठकें कीं। इन बैठकों का उद्देश्य अधिक से अधिक सुलहनीय वादों का निष्पादन सुनिश्चित करना था।
.
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली और बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, पटना के निर्देशों के आलोक में, ये बैठकें प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, DLSA, शिल्पी सोनीराज के मार्गदर्शन में संपन्न हुईं। इनकी अध्यक्षता DLSA के सचिव धीरेंद्र कुमार पांडे ने की।
लंबित माप-तौल संबंधी सुलहनीय वादों के निष्पादन पर ज़ोर
पहली बैठक में माप-तौल विभाग और पंचायती राज विभाग के पदाधिकारी उपस्थित रहे। इसमें नवादा न्यायमंडल के विभिन्न न्यायालयों में लंबित माप-तौल संबंधी सुलहनीय वादों की समीक्षा की गई।
सचिव धीरेंद्र कुमार पांडे ने निर्देश दिया कि सभी सुलहनीय वादों के पक्षकारों को तुरंत नोटिस जारी किए जाएं और उनकी अद्यतन सूची जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को उपलब्ध कराई जाए।
इससे राष्ट्रीय लोक अदालत में इन मामलों के समय पर निष्पादन के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सकेगी।
इसके अतिरिक्त, ग्राम कचहरी स्तर पर लंबित सुलहनीय वादों की सूची भी तत्काल कार्यालय में दाखिल करने का निर्देश दिया गया। इस बैठक में जिला पंचायती राज पदाधिकारी, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी और स्थायी लोक अदालत नवादा के सहायक राकेश कुमार मौजूद थे।
वन, श्रम और खनन से संबंधित लंबित मामलों के पक्षकारों को नोटिस के निर्देश
दूसरी बैठक वन विभाग, श्रम विभाग और खनन विभाग के पदाधिकारियों के साथ आयोजित की गई। इसमें आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत में वन, श्रम और खनन से संबंधित लंबित सुलहनीय योग्य वादों के अधिकतम निष्पादन पर विचार-विमर्श किया गया।
सचिव धीरेंद्र कुमार पांडे ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि वे सभी सुलहनीय मामलों के पक्षकारों को नोटिस जारी करें और लंबित वादों की सूची जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, नवादा को उपलब्ध कराएं, ताकि आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
इस बैठक में वन विभाग के रेंजर, जिला खनन पदाधिकारी, श्रम विभाग की ओर से श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी और स्थायी लोक अदालत नवादा के सहायक राजेश कुमार उपस्थित थे।
