हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में स्वां नदी पर घालूवाल-झलेड़ा के बीच 37 करोड़ रुपये की लागत से डबल लेन पुल का निर्माण किया जाएगा। नेशनल हाईवे 503A पर बनने वाले इस पुल का शिलान्यास आज हिमाचल के उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने किया। यह पुल 292.50 मीटर लंबा होगा। इस परियोजना को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से प्रदेश सरकार के प्रस्ताव पर मंजूरी मिली है। उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि यह पुल हरोली का प्रवेश द्वार है। उन्होंने बताया कि इसके निर्माण से क्षेत्र में यातायात व्यवस्था सुगम और सुरक्षित होगी। 1962 बना था पुल, यातायात दबाव के चलते नए की थी जरूरत डिप्टी सीएम जानकारी दी कि इसी स्थान पर 1962 में पंजाब के तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रताप सिंह कैरों ने एक पुल का निर्माण करवाया था। बढ़ते यातायात दबाव के चलते यहां जाम लगता था।। तकनीकी सीमाओं के कारण पुराने पुल के स्थान पर नए पुल की जरूरत है। मुकेश अग्निहोत्री ने कहा है इससे पहले स्वां नदी पर निर्मित हरोली-रामपुर पुल बेहतर कनेक्टिविटी के साथ-साथ अपनी इंजीनियरिंग विशेषताओं के कारण आकर्षण का केंद्र बन चुका है। साथ ही लोगों के लिए सेल्फी प्वाइंट के रूप में उभरा है। डिप्टी सीएम ने कहा कि हरोली में सड़कों और पुलों के विस्तार के माध्यम से प्रत्येक क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि हरोली की जनता के आशीर्वाद से उन्हें राजनीति में हर मुकाम मिला है और क्षेत्र का समग्र विकास उनकी नैतिक जिम्मेदारी है। 11 पुल का निर्माण कार्य चल रहा है उन्होंने बताया कि हरोली विधानसभा क्षेत्र में 132 करोड़ रुपये की लागत से 11 पुलों का निर्माण हो रहा है। इनमें 1.74 करोड़ से चंदपुर पुल, 1-1 करोड़ से ईसपुर-डेरा बाबा भर्तृहरि दमामियां खड्ड पुल, 1.60 करोड़ से गोंदपुर जयचंद खड्ड पुल, 3.82 करोड़ से चंदपुर खड्ड पुल, 4.64 करोड़ से हरोली खड्ड पुल, 8.74 करोड़ से बढ़ेड़ा खड्ड पुल, 15.04 करोड़ से कांगड़ खड्ड पुल और 6.24 करोड़ रुपये का पालकवाह खड्ड पुल शामिल हैं। सड़क अपग्रेडेशन के लिए बजट मिला इसके अतिरिक्त, 52 करोड़ रुपये की लागत से पंडोगा-त्यूड़ी पुल का निर्माण कार्य भी प्रगति पर है। सड़क की अपग्रेडेशन के लिए 48.69 करोड़ रुपये की स्वीकृति केंद्रीय सड़क एवं अवसंरचना निधि के तहत प्राप्त हुई है। इसके तहत 17.50 किलोमीटर सड़क को अपग्रेड किया जाएगा। साथ ही पालकवाह, कांगड़ और बढ़ेड़ा में तीन पुल बनाए जाएंगे।
Source link
