सतपाल | जालंधर जांच में यह बात सामने आई है कि फिरोजपुर के गांव छांगा खुर्द निवासी संदीप सिंह सोनू के तार सीधे पाक से जुड़े हुए थे। सोनू ने अपने दोस्त सोना सिंह, निवासी दोना मट्टर (फिरोजपुर) को कहा था कि पाक से एक काम आया है। न ड्रग बेचनी है, न हथियार। केवल एक कैमरा लगाना है। सोनू पहले कपूरथला में आया। यहां पर एक शॉप और रूम किराए पर लिया। एक महीने पहले ही सोना सिंह अपनी फैमिली के साथ कपूरथला आ गया। कपूरथला की मॉडल टाउन में लेडीज सूट की शॉप खोली और बगल में एक कैमरा लगा दिया था। वह कांजली रोड को पूरी तरह से कवर करता था। सिम सोना के नाम पर खरीदी गई थी। सोनू ने कहा था कि आप बिजनेस सेट कर ले। हर महीने 12 हजार रुपए देंगे। जांच में सामने आया है कि ‘फौजी’ नाम से पहचाने गए पाकिस्तान स्थित हैंडलर ने कैमरा लगाने के लिए आरोपी संदीप को 35,000 रुपए दिए थे। संदीप नशा तस्करी में भी शामिल था। उसे इससे पहले फौजी ने ड्रोन के जरिए भेजी गई 1 किलो हेरोइन की सप्लाई के लिए 50,000 रुपए भी दिए थे। पंजाब पुलिस ने आईएसआई के दो और जासूसी मॉड्यूल को ब्रेक कर पांच आरोपी पकड़े हैं। ये मॉड्यूल संवेदनशील सैन्य ठिकानों की लाइव फुटेज पाकिस्तान आधारित हैंडलरों तक पहुंचाने के लिए सोलर पावर से चलने वाले हाई-टेक चीनी सीसीटीवी कैमरों का इस्तेमाल कर रहे थे। इनसे दो चीनी कैमरे, चार मोबाइल फोन और वाई-फाई सेट बरामद किए हैं। हैरान कर देने वाली बात यह है कि यह दोनों मॉड्यूल नशे के दो सौदागर चल रहे थे। डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि ये मॉड्यूल विभिन्न स्थानों पर सिम-आधारित व सौर ऊर्जा से संचालित सीसीटीवी कैमरे लगा रहे थे। इससे संवेदनशील स्थानों की मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से पाकिस्तान स्थित हैंडलरों को लाइव फुटेज भेजी जा रही थी। ये कैमरे पारंपरिक वायरिंग के बजाय 4जी कनेक्टिविटी और सौर ऊर्जा के जरिए काम करते हैं। काउंटर इंटेलिजेंस की टीम सुखविंदर सिंह उर्फ सुखा, उसके साथी कर्ण व सोला सिंह को अमृतसर जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई। तीनों को 2 मई तक रिमांड पर लिया गया है। इनकी निशानदेही पर एक कैमरा व अन्य सामान जब्त किया गया। दूसरे नेटवर्क को कपूरथला पुलिस ने पकड़ा है। कपूरथला से संदीप सिंह उर्फ सोनू व सोना सिंह को अरेस्ट कर सिम कार्ड, सोलर प्लेट और एक कैमरा बरामद किया है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 10 अप्रैल को आईएसआई और बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) से जुड़े एक बड़े जासूसी मॉड्यूल के 11 सदस्यों को भी गिरफ्तार किया था। 1. सेटअप और इंस्टॉलेशन आरोपी संवेदनशील और सैन्य ठिकानों के आसपास सोलर पावर से चलने वाले हाई-टेक चीनी सीसीटीवी कैमरे इस्टॉल करते थे। कपूरथला में लेडीज सूट की दुकान खोली, वहीं लगाया सीसीटीवी कैमरा 2. डेटा कैप्चर कैमरे 24×7 वीडियो रिकॉर्डिंग करते हैं और हाई क्वालिटी लाइव फुटेज तैयार करते हैं। 3. डेटा ट्रांसमिशन (4जी के जरिए) कैमरा 4जी नेटवर्क के जरिए लाइव फुटेज को इंटरनेट पर अपलोड करता है 4. लोकल एक्सेस (आरोपियों के पास) आरोपी अपने मोबाइल फोन पर एक ऐप के जरिए कैमरों की लाइव फुटेज चेक करते थे व उसे कंट्रोल करते थे। आईएसआई ऑपरेशन रूम हैंडलर्स लाइव फुटेज देखकर संवेदनशील जानकारियों का दुरुपयोग करते थे 5. पाक स्थित हैंडलर्स तक पहुंच इंटरनेट के जरिए डेटा पाकिस्तान में बैठे आईएसआई हैंडलर्स तक पहुंचाया जाता था
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