रांची|भगवान बिरसा मुंडा ने जिस जेल में अंतिम सांस ली, उसे संरक्षित करने के लिए केंद्र व राज्य सरकार ने 142 करोड़ रुपए खर्च किए। जेल के पुराने भवन को म्यूजियम बना दिया गया और 35 एकड़ में फैले जेल परिसर को भगवान बिरसा मुंडा स्मृति पार्क बनाया गया। यह रां
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इसलिए यहां काफी संख्या में लोग बच्चों के साथ पहुंचते हैं। लेकिन रांची नगर निगम की एक करतूत से लोग पार्क में आना बंद कर रहे हैं। दरअसल, निगम ने पार्क के ठीक सामने स्थित ट्रैकर स्टैंड को मिनी कूड़ा ट्रांसफर स्टेशन बना दिया है। लालपुर जोन का कूड़ा यहीं लाकर डंप किया जाता है। जितना कूड़ा डंप हो रहा है उतने का उठाव नहीं हो रहा है। इससे इतना दुर्गंध उठ रहा है कि राहगीरों को यहां से गुजरने के लिए नाक बंद करना पड़ रहा है।
जेल तालाब भी हो रहा बर्बाद, ट्रेकर स्टैंड आने से बच रहे यात्री
कचरा डंपिंग यार्ड
तालाब का पानी पड़ा काला
डंपिंग यार्ड की वजह से उससे सटा जेल तालाब बर्बाद हो रहा है। यहां बैठना मुश्किल है। कूड़ा से निकलने वाले गंदे पानी की वजह से तालाब के पानी का रंग भी काला पड़ गया है। सबसे अधिक परेशानी ट्रैकर स्टैंड आने वाले यात्रियों को हो रही है। इरबा, ओरमांझी सहित अन्य क्षेत्रों से आने-जाने वाले नाक बंद कर यहां पहुंच रहे हैं।
यह रांची का सबसे बड़ा पार्क, पर अब कूड़े के ढेर के रूप में बन रही क्षेत्र की पहचान
जेल तलाब
भगवान बिरसा मुंडा पार्क
