रामगढ़ पुलिस ने टैंकरों से डीजल चोरी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें चोरी की डीजल खरीदने वाला एक व्यक्ति भी शामिल है। यह गिरोह कई वर्षों से सक्रिय था और रामगढ़ सहित आसपास के जिलों
.
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गोपी मुंडा (32), सागर बेदिया (25), विजय बेदिया (28) और ताहिर अंसारी (38) के रूप में हुई है। रामगढ़ एसपी को गुप्त सूचना मिली थी कि जिले के लाइन होटलों के पास खड़े हाइवा और ट्रकों के तेल टैंकरों का लॉक तोड़कर डीजल चोरी करने वाला एक गिरोह कार से गोला थाना क्षेत्र में घूम रहा है। इस सूचना पर पुलिस अधीक्षक ने अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, रामगढ़ के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया।
पुलिस ने पीछा कर कार को पकड़ा
टीम ने ग्राम हेमतपुर प्रेम लाइन होटल के पास वाहन चेकिंग अभियान शुरू किया। इस दौरान एक कार को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक ने गाड़ी भगाने की कोशिश की। पुलिस ने पीछा कर कार को पकड़ा। कार में तीन व्यक्ति सवार थे। तलाशी लेने पर कार की पिछली सीट और डिक्की से नीले रंग के पांच जार मिले, जिनमें डीजल भरा था।
आरोपियों से डीजल के संबंध में वैध कागजात मांगे गए, जो वे प्रस्तुत नहीं कर पाए। कड़ाई से पूछताछ करने पर उन्होंने स्वीकार किया कि उन्होंने गोला टोल से पहले एक होटल के सामने सड़क पर खड़े हाइवा के टैंकर का लॉक तोड़कर डीजल चोरी किया था। उन्होंने बताया कि यह गिरोह कुज्जु, भुरकुंडा, बरकाकाना, रामगढ़ घाट और हजारीबाग के चरही स्थित लाइन होटलों के पास खड़ी हाइवा के डीजल टैंकरों का लॉक तोड़कर कई वर्षों से तेल चोरी कर रहा था।
चोरी की डीजल 70-75 रुपए प्रति लीटर में बेचते थे
आरोपियों ने यह भी बताया कि वे चोरी किया हुआ डीजल ताहिर अंसारी को 70-75 रुपए प्रति लीटर की दर से बेचते थे। इस बयान के आधार पर पुलिस ने ताहिर अंसारी को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। उसके घर से चोरी का डीजल, मोबिल और डीजल बेचने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण जब्त किए गए। इस संबंध में पेट्रोलियम अधिनियम 1934 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
