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गुरुग्राम की भोंडसी जेल पहुंचे अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान: एमजी ग्लोस्टर कार से आए, AAP सांसद अरोड़ा से 20 मिनट मुलाकात की; ED ने किया था अरेस्ट – gurugram News

गुरुग्राम की भोंडसी जेल पहुंचे अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान:  एमजी ग्लोस्टर कार से आए, AAP सांसद अरोड़ा से 20 मिनट मुलाकात की; ED ने किया था अरेस्ट – gurugram News

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शनिवार को अचानक गुरुग्राम पहुंचे। दोनों नेता दिल्ली से सीधे गुरुग्राम की भोंडसी जेल पहुंचे और यहां बंद आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद और पूर्व मंत्री संजीव अरोड़ा से मुलाकात की। जेल प्रशासन से अनुमति मिलने के बाद दोनों वरिष्ठ नेताओं ने करीब 20 मिनट तक अरोड़ा से बातचीत की। यह बातचीत एक अलग कमरे में हुई। बता दें कि पूर्व मंत्री संजीव अरोड़ा को प्रवर्तन निदेशालय ने 9 मई को मनी लॉन्ड्रिंग और ₹100 करोड़ से अधिक के फर्जी जीएसटी (GST) घोटाले के मामले में गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद एजेंसी ने पहले उन्हें 7 दिन के रिमांड पर लिया। इसके बाद दो दिन का अतिरिक्त रिमांड भी मिला था। पूछताछ पूरी होने के बाद अदालत ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। संजीव अरोड़ा केस में अब तक क्या हुआ…. गिरफ्तारी के बाद AAP का खुला समर्थन संजीव अरोड़ा की गिरफ्तारी के बाद आम आदमी पार्टी लगातार उनके समर्थन में खड़ी नजर आई। पार्टी नेताओं ने कहा कि केंद्र सरकार जांच एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्षी नेताओं को दबाने के लिए कर रही है। अब मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल का जेल जाकर मुलाकात करना इस बात का संकेत माना जा रहा है कि पार्टी नेतृत्व पूरी तरह अरोड़ा के साथ खड़ा है। पंजाब की राजनीति में अहम चेहरा संजीव अरोड़ा पंजाब की राजनीति और उद्योग जगत दोनों में सक्रिय रहे हैं। आम आदमी पार्टी में शामिल होने के बाद उन्हें राज्यसभा भेजा गया था और बाद में पार्टी के प्रमुख चेहरों में उनकी गिनती होने लगी। पार्टी संगठन और कारोबारी वर्ग में मजबूत पकड़ रखने वाले अरोड़ा की गिरफ्तारी के बाद पंजाब की राजनीति में भी हलचल तेज हो गई थी। विपक्ष लगातार सरकार पर निशाना साध रहा है। जेल मुलाकात पर राजनीतिक नजर राजनीतिक जानकारों का मानना है कि भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल की यह मुलाकात सिर्फ औपचारिक नहीं बल्कि राजनीतिक संदेश देने की कोशिश भी है। निकाय चुनावों और आने वाले राजनीतिक कार्यक्रमों के बीच आप अपने नेताओं के समर्थन का स्पष्ट संकेत देना चाहती है। हम इस खबर को लगातार अपडेट कर रहे हैं…



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