अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट रोहित गुप्ता ने जारी किए आदेश।
अमृतसर के अजनाला क्षेत्र में बाढ़ से हुई तबाही अभी थमी भी नहीं थी कि अब एक और संकट ने दस्तक दे दी है। अफ्रीकी स्वाइन बुखार (ASF) की बीमारी ने गांव धारीवाल कलेर, तहसील अजनाला, अमृतसर में पैर पसार लिए हैं। पशुपालन विभाग, पंजाब द्वारा जारी अधिसूचना के अ
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प्रशासन ने पूरे क्षेत्र में सख्त पाबंदियां लागू कर दी हैं ताकि बीमारी को फैलने से रोका जा सके। गांव से 0 से 1 किलोमीटर तक का क्षेत्र “संक्रमित क्षेत्र” और 1 से 10 किलोमीटर तक का क्षेत्र “निगरानी क्षेत्र” घोषित किया गया है। इस दायरे में जीवित या मृत सूअर, सूअर का कच्चा मांस, तथा उससे बनी वस्तुओं को लाने-ले जाने, खरीदने या बेचने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है।
सूअर के मांस पर बैन अधिकारियों का कहना है कि इन गतिविधियों के माध्यम से बीमारी अन्य इलाकों में फैल सकती है, जिससे न सिर्फ पशुओं की जान को खतरा है बल्कि मनुष्य और कानून व्यवस्था पर भी इसका असर पड़ सकता है।अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट रोहित गुप्ता ने भारतीय सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत आदेश जारी करते हुए कहा कि संक्रमण क्षेत्र में किसी भी प्रकार की सूअर से जुड़ी गतिविधियों पर रोक रहेगी। साथ ही, किसी भी शेड्यूल रोग से प्रभावित सूअर या उसके मांस की बिक्री या परिवहन भी पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
उन्होंने कहा कि यह आदेश आज 10 सितंबर 2025 से लेकर 9 नवंबर 2025 तक प्रभावी रहेगा और इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सीनियर पुलिस कप्तान, अमृतसर (ग्रामीण) और डिप्टी डायरेक्टर, पशुपालन विभाग को आदेश लागू करवाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करें, ताकि बीमारी की रोकथाम में मदद की जा सके।
