मुख्य बातें

गैंगरेप की कोशिश मामले में छात्रों का निलंबन वापस: CSJMU की इंटरनल कमेटी की जांच में आरोप नहीं हुए साबित – Kanpur News


कानपुर6 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक
विवि की जांच के बाद छात्रों का निलंबन लिया गया वापस। - Dainik Bhaskar

विवि की जांच के बाद छात्रों का निलंबन लिया गया वापस।

छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) में छात्रा द्वारा लगाए गए गैंगरेप की कोशिश के मामले में विवि की जांच पूरी हो गई है। के स्कूल ऑफ हेल्थ साइंसेज में बीएमएलटी पाठ्यक्रम से जुड़े छात्रा प्रकरण में विश्वविद्यालय की आंतरिक शिकायत समिति (ICC) ने अपनी जांच आख्या कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक को सौंप दी है। रिपोर्ट के अवलोकन के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने निलंबित तीनों छात्रों का निलंबन वापस लेने का निर्णय लिया है। सीएसजेएमयू के रजिस्ट्रार राकेश कुमार मिश्रा ने स्कूल ऑफ हेल्थ साइंसेज के निदेशक को निर्देश जारी करते हुए रितेश निर्मल, अनुज विश्वकर्मा और वैभव मिश्रा का निलंबन समाप्त करने को कहा है। 30 मार्च को दर्ज हुआ था मामला 30 मार्च को बीएमएलटी की एक छात्रा ने आरोप लगाया था कि 16 मार्च को कक्षा के भीतर तीन छात्रों ने उसके साथ गैंगरेप की कोशिश की। शिकायत के आधार पर कल्याणपुर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था, वहीं विश्वविद्यालय की आईसीसी ने भी जांच शुरू की थी। विवि की जांच में छात्रों पर आरोप सिद्ध होते नजर नहीं आ रहे हैं। छात्रा के बयान व इलेक्ट्रानिक साक्ष्यों में अंतर पाए जाने पर छात्रों का निलंबन बहाल किया गया है।

सीसीटीवी और बयानों में सामने आई अलग तस्वीर विश्वविद्यालय की जांच में सामने आया कि जिस कक्षा में घटना का आरोप लगाया गया, उस दिन छात्रा वहां गई ही नहीं थी। सीसीटीवी फुटेज में छात्रा को किसी अन्य कक्ष में जाते हुए देखा गया। समिति ने छात्रा, आरोपित छात्रों और अन्य विद्यार्थियों के बयान भी दर्ज किए। बताया जा रहा है कि विवि ने छात्रा व छात्रों के बयान की वीडियो रिकार्डिंग भी की है। पुलिस की जांच जारी कल्याणपुर थाने के इंस्पेक्टर संतोष कुमार सिंह के अनुसार, मामले में पुलिस जांच अभी जारी है और सभी तथ्यों को ध्यान में रखकर आगे की कार्रवाई की जाएगी। विवि की जांच में छात्रों को राहत जरुर मिल गई है। लेकिन अभी पुलिस की जांच जारी है।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *