काशी हिंदू विश्वविद्यालय के बाल गंगाधर तिलक छात्रावास के बाहर छात्रों ने आधीरात विरोध शुरू कर दिया। सूचना मिलने पर मौके पे प्राक्टोरियल बोर्ड की टीम पहुंची। बताया जा रहा एमएससी एग्रीकल्चर द्वितीय वर्ष के छात्र एवं छात्रावास अंतःवासी कुमार सौरभ ने छात्रावास वार्डन पर अभद्र व्यवहार, मानसिक प्रताड़ना एवं अमानवीय रवैया अपनाने का आरोप लगाया है। छात्र द्वारा लिखे गये पत्र में कहा गया कि छात्रावास में मेस का नियमित संचालन नहीं हो रहा है तथा भोजन की गुणवत्ता खराब होने के कारण छात्रों को लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। स्वास्थ्य खराब होने के कारण कुछ छात्र रात्रि लगभग 10 बजे अपने कमरे में भोजन बना रहा था। इसी दौरान छात्रावास वार्डन कुछ गार्डों के साथ कमरे में पहुंचे और छात्र के साथ अभद्र व्यवहार किया। छात्र ने शिकायत पत्र में लिखा- वार्डन ने भोजन डस्टबिन में फेकवाया आरोप है कि वार्डन ने छात्र का कॉलर पकड़कर उससे दुर्व्यवहार किया, उसके द्वारा तैयार भोजन को डस्टबिन में फिंकवा दिया तथा भोजन बनाने के सामान को जब्त कर लिया। इतना ही नहीं, छात्र को कमरे से बाहर निकालकर कमरे में ताला लगा दिया गया और उसे पूरी रात छात्रावास परिसर के ग्राउंड में रहने को मजबूर होना पड़ा। छात्रों ने कारवाई की उठाई मांग मामले को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन से छात्रों ने निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई की मांग की है। साथ ही छात्रावासों में मेस संचालन, भोजन की गुणवत्ता एवं छात्रों की मूलभूत सुविधाओं में सुधार की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया है।
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