सरफराज अली सिद्दीकी | बाराबंकीकुछ ही क्षण पहले
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बाराबंकी के तहसील सिरौलीगौसपुर क्षेत्र के प्रसिद्ध कोटवाधाम में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर पांच दिवसीय मेले का शुभारंभ धूमधाम से हुआ। पहले ही दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण से गूंज उठा।
कोटवाधाम चौराहे से लेकर मंदिर परिसर तक “जय बाबा समर्थ जगजीवन दास” के जयघोष से माहौल गूंज उठा। समर्थ बाबा की समाधि स्थल पर सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें लगी रहीं। श्रद्धालु मत्था टेकने और आशीर्वाद पाने के लिए घंटों इंतजार करते नजर आए।

भक्तों ने पवित्र अघहरण सरोवर में आस्था की डुबकी लगाई और बाबा की चौखट पर मत्था टेक कर मनोवांछित फल की कामना की। मेला परिसर में लैय्या-चाट, प्रसाद, मीनाबाजार, झूले और पशु बाजार की रंग-बिरंगी दुकानें सजी हुई हैं।
मेले का मुख्य आकर्षण पशु बाजार रहा, जहां बड़ी संख्या में लोग गाय-भैंस, बछड़े और अन्य पशुओं की खरीद-फरोख्त के लिए पहुंचे। भीड़भाड़ के बीच कई लोग अपने परिजनों से बिछड़ गए, जिन्हें बदोसराय पुलिस ने “पाया-खोया केंद्र” के माध्यम से मिलवाया।

भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जगह-जगह पुलिस बल और पीएसी जवानों की तैनाती की गई है। फायर यूनिट की मदद से भी व्यवस्था को मजबूत किया गया है। बदोसराय थाना अध्यक्ष अजीत कुमार विद्यार्थी ने बताया कि मेला अब तक शांतिपूर्वक चल रहा है। अघहरण सरोवर में गोताखोरों की तैनाती की गई है ताकि कोई दुर्घटना न हो।

कोटवाधाम की बड़ी गाड़ी महंत निलेन्द्र बक्स दास के आश्रम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी गई। श्रद्धालुओं ने महंत से आशीर्वाद लिया। इसी तरह महंत कमलेश दास, महंत विशाल दास, अखिलेश दास और दीपक दास के आश्रमों पर भी भक्तों का तांता लगा रहा।

