धर्मशाला नगर निगम चुनाव की सरगर्मी के बीच कांग्रेस ने भाजपा प्रत्याशी सुधीर शर्मा पर तीखे हमले किए हैं। कांग्रेस के चुनाव मुख्य सलाहकार एवं कृषि मंत्री चौधरी चंद्र कुमार ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाया कि धर्मशाला आज स्मार्ट सिटी नहीं, बल्कि पंचायत से भी बदतर स्थिति में पहुंच गई है। मंत्री चंद्र कुमार ने कहा कि जब कांग्रेस सरकार के समय सुधीर शर्मा शहरी विकास मंत्री थे, तब उन्होंने स्मार्ट सिटी का ब्लूप्रिंट तैयार किया था। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सुधीर शर्मा ने चालाकी से अपना घर स्मार्ट सिटी के दायरे से बाहर रखा, ताकि उन्हें शहरी टैक्स न देना पड़े। वहीं शेष शहर को स्मार्ट सिटी घोषित कर जनता पर बोझ डाल दिया गया। विकास कार्यों में अनियमितताओं का जिक्र किया विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं का जिक्र करते हुए मंत्री ने बताया कि सुधीर शर्मा ने अपने घर के पास एडीबी के करोड़ों रुपए खर्च कर ट्यूलिप गार्डन का निर्माण करवाया था, जो आज खंडहर में तब्दील हो चुका है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाया कि इस ट्यूलिप गार्डन का निर्माण वन भूमि पर बिना संबंधित विभाग की अनुमति के किया गया है। डस्टबिन योजना को भी पूरी तरह विफल बताया चौधरी चंद्र कुमार ने अंडरग्राउंड सेंसर युक्त डस्टबिन योजना को भी पूरी तरह विफल बताया। उन्होंने कहा कि जनता की गाढ़ी कमाई बर्बाद करने के लिए तत्कालीन मंत्री सीधे तौर पर जिम्मेदार हैं। मंत्री ने सुधीर शर्मा पर चुनावी मर्यादाएं लांघने का आरोप लगाते हुए कहा कि राधा स्वामी सत्संगी भाइयों पर अभद्र टिप्पणी करना और निगम कार्यालय को खान-पान का अड्डा बताना उनकी राजनीतिक हताशा को दर्शाता है। बागियों की फौज आपसी कलह बढ़ा रही कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि भाजपा वर्तमान में एक विभाजित घर की तरह है, जहां बागियों की फौज आपसी कलह बढ़ा रही है, जबकि कांग्रेस पूरी तरह एकजुट होकर चुनाव मैदान में है। पार्टी ने स्पष्ट किया कि धर्मशाला की बदहाली और स्मार्ट सिटी की विफल योजनाओं के लिए सुधीर शर्मा का पिछला कार्यकाल ही पूरी तरह उत्तरदायी है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में मौजूद वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री एवं पूर्व राज्यसभा सांसद विप्लव ठाकुर ने भी सुधीर शर्मा पर व्यक्तिगत और राजनीतिक हमले किए।
Source link
