मुख्य बातें

बांग्लादेशी हिंदू युवक की हत्या मामले में 6 और गिरफ्तार: अबतक 18 हिरासत में; भीड़ ने पीटकर हत्या की, फिर पेड़ से लटकाकर जलाया था

बांग्लादेशी हिंदू युवक की हत्या मामले में 6 और गिरफ्तार:  अबतक 18 हिरासत में; भीड़ ने पीटकर हत्या की, फिर पेड़ से लटकाकर जलाया था


इस्लामाबाद2 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

दीपू को ईशनिंदा के झूठे आरोप में मारा गया था। कई लोग दीपू पर नौकरी छोड़ने का दबाव बना रहे थे।

बांग्लादेश में दीपू चंद्र दास की बेरहमी से की गई हत्या के मामले में पुलिस ने छह और लोगों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी मयमनसिंह जिले के भालुका इलाके में छापेमारी के दौरान हुई।

ढाका ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, इन लोगों पर आरोप है कि वे दीपू दास पर अपनी नौकरी छोड़ने का दबाव बना रहे थे। इस मामले में अब तक कुल 18 लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है।

दीपू चंद्र दास की 18 दिसंबर को भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद हमलावरों ने उन्हें एक पेड़ से आग भी लगा दी थी। इस घटना के बाद अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया था।

प्रदर्शनकारियों ने 18 दिसंबर को दीपू के शव को नग्न करके पेड़ से लटकाकर आग लगा दी थी।

प्रदर्शनकारियों ने 18 दिसंबर को दीपू के शव को नग्न करके पेड़ से लटकाकर आग लगा दी थी।

हिंदू संगठन ने ढाका में प्रदर्शन किया

इस घटना के विरोध में हिंदू संगठन नेशनल हिंदू महाजोत ने ढाका के नेशनल प्रेस क्लब पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने दीपू दास की हत्या की निंदा की और मांग की कि दोषियों को कड़ी सजा दी जाए।

उन्होंने यह भी कहा कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर हमले बढ़ रहे हैं और सरकार को उनकी सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।

बांग्लादेश में बढ़ती हिंसा को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चिंता जताई जा रही है। विश्व हिंदू परिषद के नेता विनोद बंसल ने कहा है कि चुनाव से पहले हो रही यह हिंसा पूरी दुनिया के लिए चेतावनी है और संयुक्त राष्ट्र (UN) को इसमें तुरंत दखल देना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संस्थाएं इस मामले पर चुप क्यों हैं।

इससे पहले UN महासचिव एंतोनियो गुटेरेस ने बयान जारी कर बांग्लादेश के लोगों से अपील की थी कि वे हिंसा से दूर रहें, तनाव कम करें और शांति बनाए रखें ताकि चुनाव शांतिपूर्ण माहौल में हो सकें।

वहीं, UN मानवाधिकार प्रमुख वोल्कर टुर्क ने भी कहा कि बदले और हिंसा से हालात और बिगड़ेंगे और जरूरी है कि लोगों को बिना डर के अपनी बात रखने और सार्वजनिक जीवन में हिस्सा लेने का मौका मिले।

जय प्रदा और जाह्नवी कपूर ने दीपू के सपोर्ट में पोस्ट डाला

दीपू दास की हत्या पर भारत में भी प्रतिक्रिया देखने को मिली है। अभिनेत्री और पूर्व सांसद जया प्रदा ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह बहुत ही दिल दहला देने वाली घटना है।

उन्होंने कहा कि एक निर्दोष हिंदू युवक को भीड़ ने मार डाला और फिर उसके साथ अमानवीय व्यवहार किया गया। जया प्रदा ने इसे धर्म पर हमला बताते हुए कहा कि मंदिर तोड़े जाने, महिलाओं पर हमलों और ऐसी घटनाओं पर अब चुप नहीं रहा जा सकता। उन्होंने मांग की कि पीड़ितों को जल्द से जल्द न्याय मिले।

इससे पहले एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर ने दीपू चंद्र दास की हत्या को नरसंहार बताया। जाह्नवी ने इस बात पर जोर दिया कि किसी भी रूप में मौजूद चरमपंथ का कड़ा विरोध किया जाना चाहिए।

25 दिसंबर को जाह्नवी ने इंस्टाग्राम स्टोरी में दीपू चंद्र दास टाइटल के साथ एक नोट पोस्ट किया। उन्होंने लिखा- ‘बांग्लादेश में जो हो रहा है वह बर्बरतापूर्ण है। यह नरसंहार है और यह कोई अकेली घटना नहीं है।

कपड़ा फैक्ट्री में काम करते थे दीपू

दीपू मेमनसिंह जिले के भालुका में टैक्सटाइल कंपनी पायनियर निटवेयर्स में काम करते थे। फैक्ट्री में अफवाह फैली कि दीपू ने ईशनिंदा की है। फैक्ट्री के बाहर भी ये खबर पहुंच गई। रात करीब 9 बजे तक फैक्ट्री के बाहर भीड़ इकट्ठा हो गई।

भीड़ अंदर घुसी और दीपू को खींच कर ले गई। लात, घूंसों और डंडों से उसे पीटना शुरू कर दिया। उसके कपड़े फाड़ दिए। इसी दौरान दीपू की मौत हो गई, तो उसके गले में रस्सी का फंदा डालकर डेडबॉडी सड़क किनारे पेड़ से लटका दी। फिर उसमें आग लगा दी।

गुरुवार को एक और हिंदू युवक की हत्या की गई

बांग्लादेश में गुरुवार को भी भीड़ ने हिंदू युवक को पीट-पीटकर मार डाला था। घटना बुधवार रात करीब 11:00 बजे राजबाड़ी जिले के होसेनडांगा गांव में हुई। पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान 29 वर्षीय अमृत मंडल उर्फ सम्राट के तौर पर हुई है।

पुलिस ने बताया कि अमृत को भीड़ ने जबरन वसूली के आरोप में मार डाला। वह होसेनडांगा गांव का ही निवासी था। पुलिस ने बताया कि अमृत के खिलाफ पांगशा पुलिस स्टेशन में दो मामले दर्ज हैं। इनमें एक हत्या का मामला भी शामिल है।

इससे पहले 18 दिसंबर को ढाका के पास हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की भीड़ ने हत्या कर दी थी। बाद में उसे पेड़ पर लटकाकर जला दिया था। पढ़ें पूरी खबर…

खबरें और भी हैं…



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *