मुख्य बातें

रोहतक में सीडब्ल्यूसी ने बाल मजदूरी करते पकड़े 2 बच्चे: अभिभावकों को दी एफआईआर दर्ज करवाने की चेतावनी, बच्चों का शोषण बंद करने का प्रयास – Rohtak News

रोहतक में सीडब्ल्यूसी ने बाल मजदूरी करते पकड़े 2 बच्चे:  अभिभावकों को दी एफआईआर दर्ज करवाने की चेतावनी, बच्चों का शोषण बंद करने का प्रयास – Rohtak News


रोहतक में गोलगप्पे की दुकान से बाल मजदूरी करते रेस्क्यू किए नाबालिग बच्चों के साथ चेयरमैन सतीश कौशिक व अन्य।

रोहतक में चाइल्ड वेलफेयर कमेटी की टीम ने बाल मजदूरी करते हुए दो बच्चों को वेल्डिंग व गोलगप्पे की दुकान से पकड़ा। दोनों बच्चे मजदूरी करते हुए पाए गए, जिन्हें सीडब्ल्यूसी के चेयरमैन सतीश कौशिक के सामने लाया गया। इस दौरान बच्चों के अभिभावकों को बुलाकर के

.

सीडब्ल्यूसी के चेयरमैन सतीश कौशिक ने बताया कि दुकानों पर नाबालिग बच्चों से मजदूरी करवाई जा रही है, जिसको लेकर सीडब्ल्यूसी टीम गंभीर कदम उठा रही है। लगातार छापेमारी करते हुए मजदूरी करते हुए नाबालिग बच्चों को रेस्क्यू किया जा रहा है। साथ ही उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने के लिए सरकारी स्कूलों में दाखिला दिलवाने को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी को पत्र लिखा गया है।

हलवाई की दुकान से रेस्क्यू किए गए बच्चों के साथ सीडब्ल्यूसी चेयरमैन सतीश कौशिक।

बच्चों के अभिभावकों को दी चेतावनी चेयरमैन सतीश कौशिक ने बच्चों के अभिभावकों को ऑफिस बुलाया और उन्हें बाल मजदूरी के बारे में समझाया। साथ ही चेतावनी दी कि अगर दोबारा बच्चों से मजदूरी करवाई तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए केस दर्ज करवाया जाएगा। अभिभावकों ने आश्वासन दिया कि दोबारा बच्चों से काम नहीं करवाएंगे।

इन क्षेत्रों में मजदूरी करते हुए मिल रहे नाबालिग एडवोकेट सतीश कौशिक ने बताया कि बाज मजदूरी के केस होटल, नर्सिंग होम, फैक्ट्री, ईट भट्टों व दुकानों में देखने को मिल रहे है। बच्चों से मजदूरी या उनका शोषण करना गलत है, जिसको लेकर सीडब्ल्यूसी टीम गंभीर कदम उठा रही है। बच्चों से काम करवाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

हलवाई व गोलगप्पे की दुकान से पकड़े थे 3 बच्चे सीडब्ल्यूसी की टीम ने कुछ दिन पहले ही सुखपुरा चौक के पास हलवाई व गोलगप्पे की दुकान से 8, 10 व 14 साल के तीन बच्चों को मजदूरी करते हुए रेस्क्यू किया था। इस दौरान बच्चों के अभिभावकों को बुलाकर समझाया गया। साथ ही कानूनी कार्रवाई करने की चेतावनी भी दी गई थी। सीडब्ल्यूसी का प्रयास है कि 100 प्रतिशत बाल मजदूरी पर रोक लगाई जा सके।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *