पंजाब सरकार द्वारा बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के दावों की पोल उस समय खुल गई जब एक दिव्यांग और घायल व्यक्ति सरकारी अस्पताल की इमरजेंसी के बाहर काफी देर तक बेसुध पड़ा रहा। अस्पताल के किसी भी डॉक्टर या स्टाफ सदस्य ने उसे उठाने की जहमत नहीं उठाई।जानकारी के अनुसार, यह दिव्यांग व्यक्ति दोपहर बाद इमरजेंसी के बाहर जमीन पर कई घंटों तक पड़ा रहा। हैरानी की बात यह है कि अस्पताल का मेडिकल और इमरजेंसी स्टाफ उसके ऊपर से गुजरता रहा, लेकिन किसी ने उसकी सुध नहीं ली। जमीन पर लेटे इस व्यक्ति के हाथ में एक पर्ची भी थी। कुछ लोगों का कहना था कि वह शायद शराब के नशे में था और कई बार वहां गिरा था। जब एक पत्रकार ने इमरजेंसी में मौजूद डॉक्टरी टीम से इस व्यक्ति के बारे में पूछा, तो उन्होंने जानकारी देने से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद, इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो वायरल होने के बाद अस्पताल के कर्मचारी हरकत में आए और उसे उठाकर इमरजेंसी के बिस्तर पर लेटाया। इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए संदीप जाखड़ ने कहा कि वे जनता के हक के लिए उग्र संघर्ष करेंगे। विधायक बोले- झकझोर देने वाला दृश्य इधर अबोहर के विधायक संदीप जाखड़ ने इस पर प्रतिक्रिया देत हुए कहा कि यह दृश्य किसी भी संवेदनशील व्यक्ति को झकझोर देने वाला है। राज्य में सेहत क्रांति के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट है। उन्होनें कहा कि आज एक जख्मी एवं दिव्यांग गंभीर मरीज इमरजेंसी कमरे के बाहर फर्श पर बेसुध लेटा रहा। लेकिन अस्पताल के किसी भी कर्मचारी या डॉक्टर ने उसे उठाकर उपचार देना जरूरी नहीं समझा। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई हो। जाखड़ ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही अस्पताल की स्थिति में सुधार नहीं हुआ और मरीजों को सम्मानजनक स्वास्थ्य सेवाएं नहीं मिलीं, तो वे जनता के हक के लिए उग्र संघर्ष करेंगे। व्यक्ति पर शराब सेवन का आरोप इधर सिविल सर्जन कविता सिंह आज शाम को सिविल अस्पताल में पहुंचीं और अस्पताल के एसएमओ डॉ सुरेश व अन्य डाक्टरों संग बैठक की और ऐमरजेंसी में तैनात डियूटी के डाक्टर व स्टाफ को बुलाकर उनका भी स्पष्टीकरण लिया, जिस पर उनहोंंने बताया कि उक्त व्यक्ति ने अधिक शराब का सेवन किया हुआ था और इसे ऐमरजेंसी में दो बार इंजेक्शन लगाकर बैड पर लेटाया। लेकिन यह बार बार वहां से उठ जाता था और ऐमजरेंसी के बाहर आकर गिर गया। इसके बाद स्टाफ कोई अन्य ऐमरजेसी मरीज आया तो उसकी देखरेख में लग गए। अब इसका मेडीकल करवाया जा रहा है जिसमेंं अधिक शराब पिए जाने की बात सामने आई है वहीं इस व्यक्ति धन्ना राम पुत्र बनवारी लाल वासी हरीपुरा के परिजनों को इसी भी इसकी सूचना दे दी गई है परिजन कहते हमारा कोई संबंध नहीं है। अब अस्पताल के वार्ड में इलाज चल रहा है और पुलिस प्रशासन को भी इसकी सूचना दे दी गई है। उनहोंने कहा कि उन्होंने पुलिस अधिकारियों से भी अस्पताल में सुरक्षा की मांग की है और उन्होंनें पर्सनल यूजर चार्जज से 2 सिक्योरिटी गार्ड रखने का निर्णय किया है जो कि शीघ्र ही अस्पताल में रखे जाएंगें।
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